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13 Table – Learn Multiplication Table of 13 with Tricks (PDF)

Table of 13 is very important to learn in kids’ life. Memorizing the table helps solve math problems quickly. Memorizing 13 table is a bit difficult than other In this article, the trick to remember the table of 13 has been told so that the table of 13 can be memorized quickly. tables if you forget 13 table time and again.

In this article, the trick to remember the table of 13 has been told so that these can be memorized quickly.

13 table chart

This is a standard multiplication chart of 13 with a table of 13 up to 10 times. With the help of this table, you can easily solve maths questions.

13 table
13 table

Download 13 table in PDF

13’s of multiplication tables up to 50 times

13 x 1 = 1313 x 26 = 338
13 x 2 = 2613 x 27 = 351
13 x 3 = 3913 x 28 = 364
13 x 4 = 5213 x 29 = 377
13 x 5 = 6513 x 30 = 390
13 x 6 = 7813 x 31 = 403
13 x 7 = 9113 x 32 = 416
13 x 8 = 104 13 x 33 = 429
13 x 9 = 11713 x 34 = 442
13 x 10 = 130 13 x 35 = 455
13 x 11 = 14313 x 36 = 468
13 x 12 = 156 13 x 37 = 481
13 x 13 = 16913 x 38 = 494
13 x 14 = 18213 x 39 = 507
13 x 15 = 195 13 x 40 = 520
13 x 16 = 20813 x 41 = 533
13 x 17 = 22113 x 42 = 546
13 x 18 = 23413 x 43 = 559
13 x 19 = 24713 x 44 = 572
13 x 20 = 26013 x 45 = 585
13 x 21 = 273 13 x 46 = 598
13 x 22 = 28613 x 47 = 611
13 x 23 = 29913 x 48 = 624
13 x 24 = 31213 x 49 = 637
13 x 25 = 32513 x 50 = 650

13 Table math tricks

Here 4 tricks are given to find the table of 13 quickly. I hope you will like any one of these four tricks.

Tricks No-1

Step-1 Make a table containing 9 boxes as given in the figure below.

9 black table box

Step-2 Write the count from 1 to 9 in these table boxes. As shown in the following picture.

13 Table - Learn Multiplication Table of 13 with Tricks (PDF) 1
13 table tricks

Step-3 Write numbers from 1 to 11 except 4, 8, 12 as shown in the picture.

13 Table - Learn Multiplication Table of 13 with Tricks (PDF) 2
13 table trick

13×10 = 130 We know it

Trick No-2

Step-1 Write numbers from 1 to 13 except 4, 8 and 12

1
2
3
5
6
7
9
10
11
13

Step-2 Write the multiplication table of 3 up to 10 times. As written below

3
6
9
12
15
18
21
24
27
30

Step-3 Add the last number of table 3 with the number given in step-1. as pictured

13
26
39
52
65
78
91
104
117
130

Trigonometry formula

Prime Number

Trigonometry table class 10, 11, 12 (sin cos tan table) from 0 360 (PDF)

Trigonometry table class 10, 11, 12

A trigonometry table is a systematic arrangement in which all those angles are kept which are used more in solving math problems. Ex – 0°, 30°, 45°, 90°, 120°, 135°, 150°, 180°, etc.

In this trigonometry table, the values of sin, cos, tan, cosec, sec, and cot are given from 0° to 360°.

In this article, the trigonometry ratio table has been described in several parts. Trigonometry table 0 90 in the first part, Trigonometry table 0 180 in the second part, Trigonometry table 0 270 in the third part, and Trigonometry table 0 360 tables in the fourth part is given in PDF format. This trigonometry table is useful in solving math problems of classes 10, 11, and 12.

What is Trigonometric Table?

trigonometric table An array arrangement in which all the ratios of trigonometry are kept in order. So that the ratio values of sin, cos, tan, cosec, sec, and cot can be easily obtained and remembered. In this trigonometry table, the values of sin, cos, tan, cosec, sec, and cot are given from 0 to 360.

Trigonometry table 0 90

Sin cos tan table

Trigonometry table class 10, 11, 12 (sin cos tan table) from 0 360 (PDF) 3

Download Sin cos tan table 0 to 90 in PDF

Cosec sec cot table

Trigonometry table class 10, 11, 12 (sin cos tan table) from 0 360 (PDF) 4

Download cosec sec cot table 0 to 90 in PDF

Sin, cos, tan table and cosec, sec, cot table

Trigonometry table class 10, 11, 12 (sin cos tan table) from 0 360 (PDF) 5

Download trigonometry ratios table 0 to 90 in PDF

Trigonometry table 0 180

Sin cos tan table

trigonometry table 0 180 Sin cos tan table
sin cos tan table 0 180

Download sin, cos, tan trigonometry ratios table 0 to 180 in PDF

Cosec sec cot table

Trigonometry table 0 180 Cosec sec cot table

Cosec, sec & cot table in PDF from 0 to 180 degrees

Sin, cos, tan and cosec, cos, cot table

Trigonometry table 0 180 Sin, cos, tan and cosec, cos, cot table

Download Trigonometry Table 0 to 180 In PDF

Trigonometry table 0 270

Sin cos tan table

Trigonometry table 0 270 Sin cos tan table

pdf

Cosec sec cot table

Trigonometry table 0 270 Cosec sec cot table

sin, cos, tan and cosec, cos, cot table

Angle Sinθ cosθtanθcosecθcosθcotθ
0101
30°1/2√3/21/√322/√3 √3
45°1/√21/√21√2√21
60°√3/21/2√32/√3 21/√3
90°1010
120°√3/2-1/2-√32/√3-2-1/√3
135°1/√2-1/√2-1√2-√2-1
150°1/2-√3/2-1/√32-2/√3-√3
180°0-10-1
210°-1/2-√3/21/√3-2-2/√3√3
225°-1/√2-1/√21-√2-√21
240°-√3/2-1/2√3-2/√3-21/√3
270°-10-10

Trigonometry table 0 360

Sin cos tan table

Trigonometry table 0 360 Sin cos tan table

sin cos tan table pdf

Sin, cos, tan and cosec, sec, cot table

Trigonometry table 0 360 Sin, cos, tan and cosec, sec, cot table

Download trigonometry table 0 360 in PDF

अभाज्य संख्या क्या है? इसकी परिभाषा, प्रकार, गुण और उदहारण

अभाज्य संख्या क्या है?

अभाज्य संख्या उन संख्याओं को कहा जाता है, जो स्वयं और 1 से विभाजित होते हैं। जैसे 2, 3, 5, 7, 11 आदि अभाज्य संख्याएं हैं। यह संख्या है केवल स्वयं और 1 से विभाजित होती है।

अभाज्य संख्या की परिभाषा

केवल स्वयं और 1 से विभाजित होने वाली संख्याएं अभाज्य संख्या होती है।

अभाज्य संख्याओं के गुण

अभाज्य संख्याओं के गुण निम्न पैराग्राफ में दिए गए हैं।

  • सभी अभाज्य संख्याएं एक से बड़ी होती हैं, और यह पूर्ण संख्याएं होती है।
  • अभाज्य संख्याओं के केवल 2 गुणनखंड होते हैं पहला एक और दूसरा स्वयं।
  • 2 ही एक ऐसी संख्या है, जो सम अभाज्य संख्या है।
  • दो अभाज्य संख्या है, एक दूसरे की सह अभाज्य संख्या संख्याएं होती है।
  • प्रत्येक अभाज्य संख्या का केवल दो ही गुणनखंड होता है इसका अर्थ यह है, कि अभाज्य संख्याओं को गुणनखंड के रूप में व्यक्त किया जा सकता है।
संख्या क्या है? संख्या के प्रकार वास्तविक संख्या
अभाज्य संख्यापूर्णांक संख्या
पूर्ण संख्याविषम संख्या
पूर्ण संख्या और पूर्णांक संख्याप्राकृतिक संख्या
सम संख्या और विषम संख्या

भाज्य अभाज्य संख्या में अंतर

भाज्य संख्याएंअभाज्य संख्याएं
यह दो से अधिक संख्याओं से विभाजित हो सकते हैंयह केवल दो संख्याओं से ही विभाजित हो सकते हैं
इसके दो से अधिक गुणनखंड हो सकते हैंइसके केवल दो ही गुणनखंड हो सकते हैं

अभाज्य संख्या कैसे ज्ञात करें

अभाज्य संख्या ज्ञात करने के लिए कई तरीके हैं, जिनमें से एक तरीका निम्न में दिया गया।

अभाज्य संख्याएँ ज्ञात करने के विभिन्न तरीके हैं। आइए इनमें से दो तरीकों के बारे में जानते हैं।

पहला नियम: n2 + n + 41′ सूत्र का प्रयोग करके कई बड़ी अभाज्य संख्या ज्ञात की जा सकती हैं जहाँ n एक पूर्ण संख्या है। कुछ उदाहरण नीचे दिए गए हैं

यदि n का मान रखा जाए तो इस सूत्र से 41 अभाज्य संख्या प्राप्त होगी 02 + 0 + 41 = 0 + 41 = 41

यदि n का मान एक रखा जाए तो प्राप्त होने वाली अभाज्य संख्या 43 होगी
12 + 1 + 41 = 2 + 41 = 43
इसी प्रकार n का मान 2 रखा जाए तो प्राप्त होने वाली अभाज्य संख्या 47 होगी

22 + 2 + 41 = 6 + 41 = 47

इस चित्र की सहायता से हम 40 बड़ी अभाज्य संख्याओं को ज्ञात कर सकते हैं
इसी तरह जारी रखते हुए, आप 40 से बड़ी सभी अभाज्य संख्याओं की गणना कर सकते हैं।

दूसरी विधि

इस विधि में आवाज संख्या ज्ञात करने के लिए 6n + 1 या 6n-1′ सूत्र का प्रयोग कर सकते हैं दो और तीन अभाज्य संख्याओं को छोड़कर सभी अभाज्य संख्याओं को 6n + 1 या 6n-1′ के रूप में लिखा जा सकता है जहां पर एक पूर्ण संख्या है इस सूत्र मे n का मान अलग अलग रखकर अभाज्य संख्याएं ज्ञात की जा सकती है उदाहरण के रूप म

6(1) – 1 = 5
6(1) + 1 = 7
६(२) – १ = ११
६(२) + १ = १३
5, 7, 11 और 13 ये सभी अभाज्य संख्याएं हैं

अभाज्य संख्या 50 तक

prime numbers 1 to 50

पूर्णांक संख्या किसे कहते हैं? इसकी परिभाषा, प्रकार, गुण और उदहारण

पूर्णांक का अंग्रेजी शब्द “integer” को लैटिन से लिया गया है। जिसका अर्थ है, सम्पूर्णपूर्ण संख्या में ऋणात्मक संख्या (negative number) को भी सामिल कर लिया जाये तो पूर्णांक संख्या (integer number) कहते है।

पूर्णांक संख्या किसे कहते हैं?

वे सभी धनात्मक और ऋणात्मक संख्या (negative number) जिनमे शून्य भी शामिल हो पूर्णांक संख्या (integer number) कहते है। पूर्णांक संख्या (integer number) में दसमलव (decimal), भिन्न संख्याएँ नहीं शामिल है। पूर्णांकों के उदाहरण: -5,-2, -1, 0, 1, 5, 8, 97 है। पूर्णांकों को Z द्वारा प्रदर्शित किया जाता है।

पूर्णांक संख्या की परिभाषा

पूर्ण, ऋणात्मक और शून्य संख्याओं के समूह को जिनमे दसमलव (decimal) और भिन्न न शामिल हो पूर्णांक की श्रेणी में आते है।

पूर्णांक संख्या के प्रकार

पूर्णांक संख्या (integer number) तीन प्रकार की होती है।

पूर्णांक संख्या के प्रकार
पूर्णांक के प्रकार

धनात्मक पूर्णांक (positive integer)

वे सभी प्राकृतिक संख्या जिनका मान शून्य से अनंत  (1, 2, 3, 4, 5 —— ∞) तक होता है, प्राकृतिक संख्या धनात्मक पूर्णांक (positive integer) कहलाती है इनका मान
 (1, 2, 3, 4, 5 —— ∞)  

ऋणात्मक पूर्णाक

 वे सभी संख्याये जिनका मान ऋणात्मक होता है या सभी ऋणात्मक संख्या (negative number) ऋणात्मक पूर्णांक (negative integer) कहलाती है। इनका मान -1 से -∞ तक होता है इनका मान (-1, -2, -3, -4, -5……. -∞)

शून्य पूर्णांक

शून्य को न तो ऋणात्मक और न ही धनात्मक पूर्णांक (positive integer) के रूप में परिभाषित किया जाता है। यह एक पूर्ण संख्या है।

शून्य को ना ही धनात्मक पूर्णांक (positive integer) और ना ही ऋणात्मक पूर्णांक संख्या (negative integer number) कहाँ जा सकता है, इसे केवल पूर्णांक संख्या (integer number) कहाँ जा सकता है। अतःशून्य केवल पूर्णांक संख्या (integer number) है।

पूर्णांकों की संख्या रेखा

संख्या रेखा पर किसी भी प्रकार की संख्याओं को निश्चित अंतराल पर प्रदर्शित किया जाता है। संख्या रेखा का प्रयोग संख्याओं की तुलना करने के लिए किया जाता है। यह अनंत तक क्षैतिज रूप से फैली हो सकती है।

अन्य संख्याओं की तरह पूर्णांक संख्या (integer number) को भी संख्या रेखा पर प्रदर्शित किया गया है।

पूर्णांक संख्या रेखा
  • संख्या रेखा में संख्या सदैव बायीं से दायी ओर लिखी जाती है।
  • पूर्णांक के संख्या रेखा में 0 के दायी ओर धनात्मक संख्याये, क्योकि ये 0 से बड़ी होती है।
  • पूर्णांक रेखा ऋणात्मक संख्याये (negative numbers) 0 के बायीं ओर रखी जाती है। क्योकि ये संख्याये 0 से कम होती है।
  • शून्य ना ही धनात्मक है, और ना ही ऋणात्मक है। इसलिए इसे बीच में रखा जाता है।
संख्या क्या है? संख्या के प्रकार वास्तविक संख्या
अभाज्य संख्यापूर्णांक संख्या
पूर्ण संख्याविषम संख्या
पूर्ण संख्या और पूर्णांक संख्याप्राकृतिक संख्या
सम संख्या और विषम संख्या

पूर्णांकों के नियम

पूर्णांकों के नियम में हम पूर्णांकों के योग, घटाव, गुणन और विभाजन के बारे में जानेगे।

पूर्णांकों का योग

दो पूर्णांकों के योग

इसमें दो पूर्णांकों के योग के विषय में बताया गया है। जब दोनों पूर्णांक धनात्मक हो या उनमे से एक ऋणात्मक हो।

दो पूर्णांकों का योग यदि दोनों पूर्णांक धनात्मक हो।

जब दो पूर्णांकों धनात्मक हो और उनका योग किया जाये योगफल वाली संख्या धनात्मक होगी। जैसे 5 + 2 = 7, यहाँ पर 5, 2 और 7 तीनो धनात्मक है।

दो पूर्णांकों का योग यदि एक धनात्मक और दूसरा ऋणात्मक हो।

यदि दो पूर्णांकों के योग में एक धनात्मक हो और दूसरा ऋणात्मक हो तो योग करने के बाद बड़ी संख्या में से छोटी संख्या घट जाती है। और प्राप्त परिणाम में बड़ी संख्या का चिन्ह लगा देते है।

जैसे – (-5 + 2) = -3, इसमें -5 ऋणात्मक और सबसे बड़ी है। इसलिए -5 में से 2 घट जायेगा। 5 में से 2 घटने पर 3 बचेगा। बड़ी संख्या ऋणात्मक है, इसलिए बड़ी संख्या का चिन्ह प्राप्त परिणाम 3 में लगा देंगे। जो -3 होगा।

इसी प्रकार यदि 2 ऋणात्मक और 5 धनात्मक हो परिणाम धनात्मक होगा।

दो पूर्णांकों को जोड़ने पर हमें निम्नलिखित स्थितियाँ प्राप्त होती हैं:

पूर्णांकों का घटाव

दो पूर्णांकों करते समय बड़ी संख्या से छोटी संख्या घटाते है। प्राप्त परिणाम में बड़े संख्या का चिन्ह लगते है। यदि बड़ी संख्या ऋणात्मक होगी प्राप्त परिणाम ऋणात्मक होगा। यदि बड़ी संख्या धनात्मक होगी तो परिणाम भी धनात्मक होगा।

जैसे:- 12 और -20 को जोड़ने पर 8 प्राप्त होता है। लेकिन 20 ऋणात्मक है। इसलिए प्राप्त परिणाम सामने ऋणात्मक का चिन्ह लगाएंगे। अतः परिणाम -8 होगा। इसी प्रकार यदि बड़ी संख्या धनात्मक होगी तो प्राप्त रिजल्ट भी धनात्मक होगा।

पूर्णांकों के गुणा

दो पूर्णांकों के गुणा में यदि दोनों संख्या धनात्मक है, तो परिणाम भी धनात्मक होगा। यदि एक संख्या ऋणात्मक है, टॉप प्राप्त परिणाम भी ऋणामतक होगा।

जैसे – 5×7 = 35 इसमें दोनों संख्याये धनात्मक है, तो परिणाम भी धनात्मक है। -5×7 = -35 इसमें एक संख्या ऋणात्मक है, तो इसका परिणाम भी ऋणात्मक है।

  • दो पूर्णांकों के गुना में यदि दोनों संख्या धनात्मक होगी तो परिणाम भी धनात्मक होगा।
  • दो पूर्णांकों के गुणा में यदि एक संख्या ऋणात्मक है तो परिणाम भी ऋणात्मक होगा।
  • दो पूर्णांकों के गुणा में यदि दोनों संख्याये ऋणात्मक होंगी तो परिणाम भी ऋणात्मक होगा।

पूर्णांकों के भाग

  • दो धन पूर्णांकों का भाग धन होता है।
  • एक धन और एक ऋण पूर्णांकों का भाग ऋण होता है।
  • एक ऋण और एक धन पूर्णांकों का भाग ऋण होता है।
  • दो ऋण पूर्णांकों का भाग ऋण होता है।

सबसे छोटी पूर्णांक संख्या कौन सी है?

सबसे छोटी पूर्णांक संख्या अभी तक ज्ञात नहीं है। -व् कह सकते है।

50 कौन सा पूर्णांक है?

50 धन पुराणक है। क्योकि 50, 0 से बड़ा है। 0 से बड़ी सभी संख्याये धनात्मक पूर्णांक (positive integer) है। दसमलव (decimal) और भिन्न संख्याओं को छोड़कर।

क्या सभी परिमेय संख्या पूर्णांक होती है?

नहीं! परिमेय संख्याये पूर्णांक संख्या नहीं हो सकती है।

सबसे बड़ी पूर्णांक संख्या

सबसे बड़ी पूर्णांक संख्या अभी तक ज्ञात नहीं है। को सबसे बड़ी पूर्णांक संख्या कह सकते है।

क्या 3.2 एक पूर्णांक संख्या है?

3.2 पूर्णांक संख्या नहीं है।

1 से 10 तक के पूर्णांक क्या हैं?

1, 2, 3, 4, 5, 6, 7, 8, 9, 10

क्या 4 एक पूर्णांक संख्या है?

हाँ ! 4 एक पूर्णांक संख्या है।

क्या 0.2 एक पूर्णांक संख्या है?

नहीं! 0.2 एक पूर्णांक संख्या नहीं है। क्योकि यह दमसमलव संख्या है। दसमलव (decimal) संख्या पूर्णांक संख्या नहीं है।

क्या 7 एक पूर्णांक संख्या है?

7 एक पूर्णांक संख्या है। और साथ -साथ यह धनात्मक है, यह एक धनात्मक पूर्णांक (positive integer) है।

पूर्ण संख्या किसे कहते हैं? इसकी परिभाषा, प्रकार, गुण, उदहारण और लिस्ट PDF में

सभी धनात्मक पूर्णांकों और शून्य पूर्ण संख्या की श्रेणी में आते है। इनमे भिन्न, दशमलव, और ऋणात्मक संख्याएँ शामिल नहीं होती है। सभी प्राकृतिक संख्याएँ पूर्ण संख्याएँ होती है। हम इस अध्याय में पूर्ण संख्या किसे कहते है? इसकी परिभाषा, प्रकार, गुण, उदहारण और 1 से 100 तक की सभी पूर्ण संख्याओं की PDF सहित लिस्ट के बारे में जानेगे।

वैसे तो गणितीय भाषा में संख्याएँ कई प्रकार की होती है, जैसे प्राकृतिक संख्या, पूर्ण संख्या, भाज्य संख्या, अभाज्य संख्या, सम संख्या विषम संख्या आदि लेकिन इस अध्याय में हम पूर्ण संख्या के बारे में जानेगे।

पूर्ण संख्या किसे कहते हैं?

0 से अनंत तक की सभी धनात्मक संख्याओं को पूर्ण संख्या कहते है। इनमे भिन्न, दशमलव, ऋणात्मक आदि संख्याएँ शामिल नहीं है। सरल शब्दों में शून्य और सभी प्राकृतिक संख्याओं का समुच्चय को पूर्ण संख्या कहते है। हालांकि, शून्य एक अपरिभाषित पहचान है जो एक शून्य सेट या कोई परिणाम नहीं दर्शाता है।

पूर्ण संख्या की परिभाषा

0 के साथ प्राकृतिक संख्याओं का समुच्चय की पूर्ण संख्या होती है। जैसे – 0, 1, 2, 3, 4, 5, 6, 7, 8, 9 ………..∞

 पूर्ण संख्या किसे कहते है ?
पूर्ण संख्या

0 से अनंत तक की सभी धनात्मक समुच्चय को पूर्ण संख्या कहते है। 1 से अनंत तक की सभी धनात्मक संख्याओं को प्राकृतिक संख्याएँ होती है, अतः हम यह कह सकते है की सभी प्राकृतिक संख्याएँ पूर्ण संख्या होती है। लेकिन सभी पूर्ण संख्याएँ प्राकृतिक संख्याएँ होती है।

  • सभी प्राकृत संख्याएँ पूर्ण संख्याएँ होती हैं।
  • सभी गिनती वाली संख्याएं पूर्ण संख्याएं होती हैं।
  • शून्य के साथ सभी धनात्मक पूर्णांक पूर्ण संख्याएँ होती हैं।
  • सभी पूर्ण संख्याएँ वास्तविक संख्याएँ होती हैं।

पूर्ण संख्या के गुण

पूर्ण संख्याओं पर मूल संक्रियाएँ: जोड़, घटाव, गुणा और भाग, पूर्ण संख्याओं के चार मुख्य गुणों की ओर ले जाते हैं, जो नीचे सूचीबद्ध हैं:

क्लोजर प्रॉपर्टी (Closure Property)
संबंधी संपत्ति (Associative Property)
क्रमचयी गुणधर्म (Commutative Property)
वितरण की जाने वाली संपत्ति (Distributive Property)

क्लोजर प्रॉपर्टी (Closure Property)

दो पूर्ण संख्याओं का योग और गुणनफल हमेशा एक पूर्ण संख्या होती है। उदाहरण के लिए, 7 + 3 = 10 (पूर्ण संख्या), 7 × 2 = 14 (पूर्ण संख्या)

संबंधी संपत्ति (Associative Property)

किन्हीं तीन पूर्ण संख्याओं का योग या गुणनफल वही रहता है, भले ही संख्याओं का समूह बदल दिया जाए। उदाहरण के लिए, जब हम निम्नलिखित संख्याओं को जोड़ते हैं तो हमें वही योग मिलता है: 10 + (7 + 12) = (10 + 7) + 12 = (10 + 12) + 7 = 29। इसी तरह, जब हम निम्नलिखित संख्याओं को गुणा करते हैं तो हम एक ही उत्पाद प्राप्त करें चाहे संख्याओं को कैसे समूहित किया जाए: 3 × (2 × 4) = (3 × 2) × 4 = 24।

क्रमचयी गुणधर्म (Commutative Property)

दो पूर्ण संख्याओं का योग और गुणन संख्याओं के क्रम को बदलने के बाद भी वही रहता है। यह गुण बताता है कि जोड़ के क्रम में परिवर्तन योग के मूल्य को नहीं बदलता है। मान लें कि ‘a’ और ‘b’ कम्यूटेटिव प्रॉपर्टी a + b = b + a के अनुसार दो पूर्ण संख्याएं हैं। उदाहरण के लिए, a = 10 और b = 19 10 + 19 = 29 = 19 + 10. इसका अर्थ है कि पूर्ण संख्याएँ योग के अंतर्गत बंद हैं। यह गुण गुणन के लिए भी सही है, लेकिन घटाव या भाग के लिए नहीं। उदाहरण के लिए: 7 × 9 = 63 और 9 × 7 = 63।

वितरण की जाने वाली संपत्ति (Distributive Property)

यह गुण बताता है, कि एक पूर्ण संख्या के गुणन को पूर्ण संख्याओं के योग में वितरित किया जाता है। इसका अर्थ है, कि जब दो संख्याओं, उदाहरण के लिए a और b को समान संख्या c से गुणा किया जाता है, और फिर जोड़ दिया जाता है, तो समान उत्तर प्राप्त करने के लिए a और b के योग को c से गुणा किया जा सकता है। इस स्थिति को इस प्रकार दर्शाया जा सकता है: a × (b + c) = (a × b) + (a × c)। मान लीजिए a = 10, b = 20 और c = 7 10 × (20 + 7) = 270 और (10 × 20) + (10 × 7) = 200 + 70 = 270। वही गुण घटाव के लिए भी सही है। . उदाहरण के लिए, हमारे पास एक × (बी – सी) = (ए × बी) – (ए × सी) है। मान लीजिए a = 10, b = 20 और c = 7 10 × (20 – 7) = 130 और (10 × 20) – (10 × 7) = 200 – 70 = 130।

संख्या क्या है? संख्या के प्रकार वास्तविक संख्या
अभाज्य संख्यापूर्णांक संख्या
पूर्ण संख्याविषम संख्या
पूर्ण संख्या और पूर्णांक संख्याप्राकृतिक संख्या
सम संख्या और विषम संख्या

1 से 100 तक की पूर्ण संख्याएँ

1 से 100 तक की पूर्ण संख्याएँ
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1 से 100 तक की पूर्ण संख्याएँ पीडीऍफ़ में डाउनलोड करे।

प्राकृत और पूर्ण संख्या में अंतर

पूर्ण संख्याप्राकृतिक संख्या
पूर्ण संख्या 0 से अनंत तक होती है। प्राकृतिक संख्या 1 से अनंत तक होती है।
सबसे छोटी पूर्ण संख्या 0 है। सबसे छोटी प्राकृतिक संख्या 1 है।
सभी पूर्ण संख्याएँ प्राकृतिक संख्याएँ नहीं होती है। सभी प्राकृतिक संख्याएँ पूर्ण संख्याएँ नहीं होती है।
प्राकृत और पूर्ण संख्या में अंतर

पूर्ण संख्या और पूर्णांक में अंतर

पूर्ण संख्या पूर्णांक संख्या
0 से अनंत तक सभी धन संख्याएँ पूर्ण संख्या होती है। दसमलव, भिन्न, ऋणात्मक संख्याओं को छोड़कर सभी ऋणात्मक संख्याये और पूर्ण संख्याये पूर्णांक संख्या होती है।
यह ऋणात्मक नहीं हो सकती। यह ऋणात्मक होती है।
यह दसमलव नहीं सकती। यह दसमलव नहीं सकती।
यह भिन्न हो सकती है। यह भिन्न हो सकती है।

पूर्ण संख्या की गणना

स्फेरफाइएरफोई

पूर्ण संख्या कौन कौन सी होती है?

शून्य से अनंत तक की सभी संख्याएँ पूर्ण संख्या होती है।

पूर्ण संख्या कैसे निकाले?

शून्य से अनंत के बीच सभी धनात्मक संख्याएँ पूर्ण संख्याएँ होंगी ऋणात्मक, भिन्न, दसमलव संख्याओं को छोड़कर सभी संख्याएँ पूर्ण संख्या होगी।

सबसे छोटी पूर्ण संख्या कौन है?

सबसे छोटी पूर्ण संख्या 0 है।

क्या सभी प्राकृतिक संख्या पूर्ण संख्या है?

हाँ ! सभी प्राकृतिक संख्याएँ पूर्ण है, लेकिन सभी पूर्ण संख्या प्राकृतिक संख्या नहीं होती है।

क्या पूर्ण संख्या 1 से शुरू होती है?

नहीं ! सभी पूर्ण संख्याएँ 0 से शुरू होती है।

32 और 53 के बीच में कितनी पूर्ण संख्या है?

32 और 53 के बीच 33, 34, 35, 36, 37, 38, 39, 40, 41, 42, 43, 44, 45, 46, 47, 48, 49, 50, 51, 52 पूर्ण संख्याएँ है।

प्रथम पांच पूर्ण संख्या का माध्य क्या होगा?

प्रथम पांच पूर्ण संख्याएँ 0, 1, 2, 3, 4 माध्य 10/2 = 5, अतः प्रथम पांच पूर्ण संख्याओं का माध्य 5 है।

सबसे छोटी और सबसे बड़ी पूर्ण संख्या क्या है?

सबसे छोटी पूर्ण संख्या 0 और बड़ी संख्या अभी तक पता नहीं है, लेकिन सबसे बड़ी पूर्ण संख्या अनंत को कहा सकता है।

क्या शून्य पूर्ण संख्या है?

हाँ, 0 एक पूर्ण संख्या है।

विषम संख्या किसे कहते हैं? इसकी परिभाषा, प्रकार, गुण व उदाहरण PDF के साथ

इस अध्याय में हम जानेगे विषम संख्या किसे कहते हैं? विषम संख्या की परिभाषा, विषम संख्या के गुण व उदाहरण।

विषम संख्या किसे कहते हैं?

वे संख्याये जो दो से विभाजित नहीं होती है। इनको दो बराबर पूर्ण संख्याओं में नहीं बाटा जा सकता है। जैसे – 1, 3, 5, 7, 9, 11, 13 आदि।

विषम संख्या की परिभाषा

वे संख्याये जो 2 पूर्णतः विभाजित नहीं होती है या 2 से विभाजित होने वाली संख्याये विषम संख्या कहलाती है। उदहारण – 1, 3, 5, 7, 9, 11, 13, 15, 17, 19 आदि।

विषम संख्या के प्रकार

विषम संख्या के निम्न प्रकार है।

  • निरन्तर विषम संख्या (Consecutive Odd Numbers)
  • मिश्रित विषम संख्या (Composite Odd Number)

निरन्तर विषम संख्या (Consecutive Odd Numbers)

वे विषम संख्याये जिनके मध्य दो का अंतर होता है। निरन्तर विषम संख्या कहते है। जैसे – माना a एक विषम संख्या है, a+2 भी विषम संख्या होगी। a और a+2 दोनों निरन्तर विषम होंगी क्योकि इनमे 2 का अंतर है।

उदहारण – 15 और 17, 29 और 31, 3 और 5, 19 और 21 आदि. ऋणात्मक निरन्तर विषम संख्या -5 और -3, -13 और -11 आदि।

मिश्रित विषम संख्या (Composite Odd Number)

एक मिश्रित विषम संख्या एक धनात्मक विषम पूर्णांक है, जो दो छोटे धनात्मक पूर्णांकों को गुणा करके बनाई जाती है।

उदहारण -100 तक की मिश्रित विषम संख्याएँ – 9, 15, 21, 25, 27, 33, 35, 39, 45, 49, 51, 55, 57, 63, 65, 69, 75, 77, 81, 85, 87, 91, 93, 95, 99.

संख्या क्या है? संख्या के प्रकार वास्तविक संख्या
अभाज्य संख्यापूर्णांक संख्या
पूर्ण संख्याविषम संख्या
पूर्ण संख्या और पूर्णांक संख्याप्राकृतिक संख्या
सम संख्या और विषम संख्या

विषम संख्या के गुण

विषम संख्याओं के गुण जो निम्न है।

दो विषम संख्याओं का योग

दो विषम संख्याओं का योग सम होता है।

दो विषम संख्याओं का योग

जैसे- 3 (विषम संख्या) +5 (विषम संख्या) = 8 (सम संख्या) जैसा की 3 और 5 दोंनो विषम संख्याये है इनका योग 8 प्राप्त होता है। 8 एक सम संख्या है।

दो विषम संख्याओं का घटाव

दो विषम संख्याओं का घटाव सम संख्या होता है।

दो विषम संख्याओं का घटाव -m

जैसे- 5 (विषम संख्या) – 3 (विषम संख्या) = 2 (सम संख्या) जैसा की 5 और 3 दोंनो विषम संख्याये है, इनका योग 2 प्राप्त होता है। 2 एक सम संख्या है।

दो विषम संख्याओं का गुणा

दो विषम संख्याओं का गुणा विषम होता है।

दो विषम संख्याओं का गुणा

जैसे- 5 (विषम संख्या) x 3 (विषम संख्या) = 15 (विषम संख्या) जैसा की 5 और 3 दोंनो विषम संख्याये है, इनका योग 2 प्राप्त होता है। 15 एक विषम संख्या है।

दो विषम संख्याओं का भाग

दो विषम संख्याओं का भाग विषम होता है।

दो विषम संख्याओं का भाग

विषम संख्या 1 से 50 तक की संख्याये

विषम संख्या 1 से 100 तक की संख्याये

1 से 100 तक विषम संख्याओं की लिस्ट पीडीऍफ़ में

सबसे छोटी विषम संख्या कौन सी होती है?

1 सबसे विषम सह्य है।

दो अंको की सबसे छोटी विषम संख्या क्या है?

दो अंको की सबसे छोटी विषम संख्या 11 है।

1 सम संख्या है या विषम संख्या?

1 विषम संख्या है।

सबसे छोटी विषम अभाज्य संख्या कौन है?

सबसे छोटी विषम अभाज्य संख्या 3 है।

क्या शून्य विषम संख्या है?

शून्य एक सम संख्या है।

क्या अनंत विषम संख्या है?

अनंत न ही सम संख्या है और न ही विषम संख्या है।

क्या 2.5 विषम संख्या है?

2.5 न ही विषम संख्या है, और न ही सम संख्या है।

Coprime Numbers Definition, Properties, Examples With PDF Download

Coprime Numbers Definition

Coprime Numbers Definition- Pairs of numbers whose common factor is one are called co-prime or pairs of numbers whose HCF is only 1. Ex- There is only 1 common factor between 4 and 7.

Properties of co-prime numbers

  • There is only 1 common factor between coprime numbers

Ex – 4 and 9 are coprime numbers. Factor of 4 = 1x2x2 and factor of 9 = 1x3x3

Coprime Numbers Definition
4 and 9 are prime number

As shown in the picture. The common factor of 4 and 9 is found to be number 1.

Ex– 6 and 7 are coprime numbers. The factor of 6 = 1x2x3 and the factor of 7 = 1×7

Coprime Numbers Definition, Properties, Examples With PDF Download 6
6 and 7 are coprime number

The common factor of 6 and 7 is 1.

  • HCF of two coprime numbers is always 1.

Ex– 13 and 8 are prime. 13, 8 factor of 13 = 1×13, factor of 8 = 2x2x2.

Coprime Numbers Definition, Properties, Examples With PDF Download 7

here is 1 HCF between 13, 8

Ex– Both 15 and 19 are coprime numbers. How?, The factor of 15 = 1x3x5 and the factor of 19 =1×19

Coprime Numbers Definition, Properties, Examples With PDF Download 8
15 and 19 are coprime

here is 1 HCF between 15, 19

  • Pairs of even numbers can’t be coprime because their common factor is 2.

Ex– Number 4 and 8 are even numbers let’s check these are coprime numbers. The factor of 4 = 1x2x2, the factor of 8 = 1x2x2x2. There are two common numbers between 4 to 8. The HCF of numbers 4 and 8 are 2 so these are not coprime numbers.

Coprime Numbers Definition, Properties, Examples With PDF Download 9
  • Pairs of prime numbers are always coprime numbers.
Coprime Numbers Definition, Properties, Examples With PDF Download 10
  • All pairs of two consecutive numbers are co-prime numbers

How to find co-prime numbers?

Before finding the coprime number, keep two points in mind.

  • If any one of the given numbers is prime number then those numbers will be coprime. Exceptions (2, even numbers) (3, numbers divisible by 3) (5, numbers divisible by 5) (numbers divisible by 7, 7) etc.
  • If both the numbers in the given numbers are prime numbers then the numbers will be coprime numbers

Pairs of numbers that follow both the conditions will be coprime numbers. If both the condition is followed then division method can be checked by factorization method

How to find Coprime number by division method

The factor is found by the division of the number in the division method.

Are 80 and 72 both coprime numbers?

Coprime Numbers Definition, Properties, Examples With PDF Download 11

We get the factor of 80 = 2x2x2x2x5 and the factor of 72 = 2x2x2x3x3 by the division method. The common numbers in these are 2x2x2 so these are not coprime numbers.

Is 18 and 23 coprime?

Coprime Numbers Definition, Properties, Examples With PDF Download 12

The common number 1 is obtained by doing the factorization of 8 and 23. So these numbers are coprime numbers.

Coprime Number PDF Download

Co-prime Numbers Examples

Is 18 and 35 a Coprime number?

Yes!
How?
factor of 18 = 2×9 = 2x3x3
factor of 35 = 5×7
There is 1 common (HCF) factor between 18 and 35 so 18 and 35 are coprime numbers.

Is 11 and 12 a Coprime number?

Yes!
How!
Factor of 11 = 11x 1
factor of 12 = 2 x 2 x 3
There is 1 common factor between 11 and 12 so these are coprime numbers

Are 2 and 4 Coprime numbers?

No!
How?
Factor of 2 = 2×1
Factor of 4 = 2×2
HCF of 2 and 4 is 2 so it is not a coprime number.

Is 17 and 68 a Coprime number?

No!
How?
Factor of 17 = 1×17
Factor of 68 = 1x2x2x17
The common factors of 17 and 68 are 1 and 17 so it is not a coprime number. To be coprime there must be 1 common

Is 12 and 15 Coprime numbers?

No!
How?
Factor of 12 = 2x2x3
Factor of 15 = 3×5
The common factor of 12 and 15 is 3. so it is not compirme.

Prime numbers 1 to 10 (PDF) | Greatest prime number between 1 and 10

Prime numbers 1 to 10

In this article prime numbers from 1 to 10, coprime numbers are given. What is the sum of prime no between 1 to 10?

Prime numbers 1 to 10

How to Find Prime numbers 1 to 10?

Step – 1 From the list below 1 to 10, remove the numbers that are divisible by 2. Take 1 out of the list because the prime number starts with 2. The numbers 4, 6, and 10 are divisible by 2

Step-2 3 will only be divisible by 9 so take 9 out of the list

Prime numbers 1 to 10

Sum of prime number between 1 to 10

1 to 10 are four prime numbers. (2, 3, 5, 7) The sum of all prime numbers from 1 to 10 is 17

Sum of all odd prime numbers between 1 to 10

1 to 10 are four prime numbers. (3, 5, 7) The sum of all odd prime numbers from 1 to 10 is 15

A greatest prime number between 1 and 10

7 is the greatest no among the numbers from 1 to 10

A co-prime number between 1 to 10

The following is a list of coprime numbers from 1 to 10

1,2 2,33,51,32,5
3,71,42,7 1,52,9
1,61,71,81,91,10

Read details Coprime number

Is 1 and 9 a prime number?

No! 1 and 9 are not prime no.

Smallest prime no between 1 to 10

2 is the smallest prime number between 1 to 10

List Of Prime Numbers 1 to 20 with PDF & sum of odd-even prime numbers

Prime Numbers 1 to 20

There are 8 prime numbers, 7 odd Prime Numbers 1 to 20

Prime Numbers 1 to 20

How to Find Prime numbers 1 to 20?

Step-1 Remove all numbers divisible by 2 from the table list.

First, make a table of all numbers from 1 to 20. Remove the numbers that are divisible by 2 from the table list.

How to Find Prime numbers 1 to 20

Step-2 In the second step, remove the numbers that are divisible from 3 from the list.

prime number between 1 to 20

Step-3 The number left after dividing by 3 will be prime numbers.

prime numbers between 1 to 20

Sum of prime number between 1 to 20

There are 8 numbers from 1 to 20 and their sum is 77. Sum 2+3+5+7+11+13+17+19 = 77

Sum of all odd prime numbers between 1 to 20

There are 7 numbers from 1 to 20 and their sum is 75. Sum 3+5+7+11+13+17+19 = 75

A co-prime number between 1 to 20

1,22,33,513,171,3
2,513,193,71,42,7
3,111,5 2,93,131,6
2,113,171,72,133,19
1,82,151,92,171,10
2,191,112,21 2,231,12

Learn More co-prime number

How many prime numbers are there between 0 and 20?

There are 8 prime numbers and 7 odd prime numbers from 1 to 20.

Is 1 a prime number?

1 is not a prime number but a natural number.

Why 1 is not a prime number?

Prime numbers by definition have only two factors. There is only one factor of 1 so it is not a prime number but a natural number.

What is the greatest prime number between 1 to 20?

The greatest prime number between 1 to 20 is 19 which is also an odd prime number.

What are the smallest prime numbers between 1 and 20?

The smallest prime number between 1 and 20 is 2 not 1. 2 is the only-one even prime number

Which is the even prime number 1 to 20?

There are 2 even prime numbers between 1 to 20 numbers.

Is 2 a prime number?

Yes! 2 is even prime number.

Is 3 a prime number?

Yes! 3 is odd prime.

Is 4 a prime number?

No! natural number

Is 5 a prime number?

Yes! 5 is odd prime number

Is 6 a prime number?

No! 6 is natural number

Is 7 a prime number?

Yes! 7 is odd prime number

Is 8 a prime number?

No! 8 is natural and even number

Is 9 a prime number?

No! 9 natural number and odd number

Is 10 a prime number?

No! 10 natural and even number

List Of Prime numbers 1 to 50 | How to Find (PDF)

This article contains prime numbers and the sum of odd, even prime numbers 1 to 50.

prime numbers 1 to 50

How to Find Prime numbers 1 to 50?

A prime number can have only two factors. The prime number is divisible by 1 and by itself. A number will be a prime number only if it follows these four conditions.

  1. That number should be positive.
  2. That number must be divisible by two natural numbers.
  3. That number must be divisible by 1
  4. That number must be divisible by itself

Prime-prime division method – In this method, all the prime numbers up to 10 are divided by the remaining prime numbers. 2, 3, 5, and 7 divides by the initial prime number to find the prime number. The numbers left after dividing will be prime numbers.

Step-1 Dividing into two

The numbers 4, 6, 8, 12, 14, 16, 18, 20, 22, 24, 26, 28, 30, 32, 34, 36, 38, 40, 42, 44, 48 and 50 are divided by two so we’ll take these numbers out of the list

how to find prime number

Step- 2 Dividing into 3

The number 9, 15, 21, 27, 33, 39, 45 is divided by three so we will take this number out of the list.

1 to 50 prime numbers

Step- 3 Dividing into 3

The number 25, 35 is divided by five, so we will take these numbers out of the list.

prime numbers till 50

Step-4 Dividing into 7

In the end, 49 will only be divisible by seven. will take 49 out of the list

prime number between 1 to 50
find prime number prime method

Prime numbers from 1 to 100

Result – Prime numbers between 1 to 50

When divided by 2, 3, 5, and 7 the number left in the following is the prime number

prime under 50

Important Term

Some important points are given below which will increase your knowledge further.

Sum of all prime numbers between 1 to 50

The sum of all prime numbers between 1 and 50 is 328.
2+3+5+7+11+13+17+19+23+29+31+37+41+43+47 = 328

Sum of all odd prime numbers between 1 to 50

The sum of all prime numbers between 1 and 50 is 326.
3+5+7+11+13+17+19+23+29+31+37+41+43+47 = 328. 2 is not an odd prime number. 2 is odd prime number

The Co-prime numbers 1 to 50

Example of co-prime numbers between 1 and 50. Like 1,2),(1,3),(1,4),(1,5),(1,6),(1,7),……..(1,49), (1,50)

List Of Prime numbers 1 to 50 | How to Find (PDF) 13

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How many prime numbers are there between 0 and 50?

There are 15 prime numbers between 1 and 50. 2, 3, 5, 7, 11, 13, 17, 19, 23, 29, 31, 37, 41, 43, 47 are prime number.

Why 1 is not a prime number?

Prime number is divisible by one and itself. But there is only one factor of 1.

Why is 2 a prime number?

The number 2 is divisible by itself and one. There are only two factors of 2. Two a number that is an even-prime number.

Is No 1 a prime number?

1 is not a prime number

Is 2 not a prime number?

2 is prime number and 2 is even prime number.

Is 29 a prime number?

Yes! 29 is a prime number because it is not divisible by itself and by any number other than 1.

Which is the smallest prime number between 1 to 50?

2 is the smallest prime number between 1 and 50

Which is a greatest prime number less than 50

The greatest prime number between 1 and 50 is 47